पौधों के जीवन में पोटाश का रोल

पोटाश का पौधों की वृद्धि, विकास और पैदावार में योगदान पोटेशियम का फर्टिलाइजर की तरह प्रयोग करने पर फसल के उत्पादन में वृद्धि होती है इस तथ्य से लगभग सभी किसान भाई वाकिफ हैं, परंतु उत्पादन में बढ़ोतरी क्यों होती है आइए इसके बारे में गहराई से समझते हैं। फर्टिलाइजर Read more…

सूक्ष्मजीवों के साथ ३२ दिन का सोयाबीन

सूक्ष्मजीवों का खेती में अप्रतिस्थापनीय स्थान है, इनकी जगह कोई और चीज नहीं ले सकती.  सही पोषण प्रबंधन के साथ फसल में प्रयोग किये गए सूक्ष्मजीव शानदार परिणाम देते हैं और खेती का अनावश्यक खर्च  घटाने के लिए अमूल्य साथी हैं. इस फसल में सही पोषण के साथ कल्चर द्वारा Read more…

बिना रसायन सफ़ेद लट का नियंत्रण

फसलों में सफ़ेद लट/व्हाइट ग्रब या गोबर कीट का नियंत्रण बहुत बड़ी और कठिन समस्या बनता जा रहा है. इस कीट का लम्बा एवं विविधतापूर्ण जीवनचक्र इसके नियंत्रण को कठिन बनाता है. व्हाइट ग्रब के नियंत्रण के लिए इसके जीवन चक्र और बायोलॉजी की समझ बहुत जरुरी है. व्हाइट ग्रब Read more…

मैग्नीशियम-पौधों के पावरहाउस की भट्टी

परिचय, कार्य और कमी के लक्षण मैग्नीशियम पौधों के मुख्य पोषक तत्वों में आता है और पौधे के वजन का 0.2 से 0.4 प्रतिशत भाग बनाता है. रासायनिक रूप से मैग्नीशियम सल्फर और क्लोरीन के साथ घुलनशील योगिक बनाता है,  और जमीन से आसानी से लीच हो जाता है. पानी Read more…

सोयाबीन में फंगस का नियंत्रण

सोयाबीन बारिश के समय लगाई जाने वाली महत्वपूर्ण फसल है. यह मूल रूप से लेग्यूम यानि दलहनी फसल है जो तिलहन और प्रोटीन स्त्रोत दोनों के तौर पर इस्तेमाल की जाती है. प्रोटीन और वसा का प्रचुर स्त्रोत होने के कारण विभिन्न प्रकार के सूक्ष्मजीव और कीट सोयाबीन पर आश्रित Read more…

पिंक बोलवर्म

कॉटन बोल (ड़ेंडू) को नुकसान पहुँचाने वाले कई प्रकार के लार्वा हैं जो कॉटन बोल के भीतर पाए जा सकते हैं, जैसे कॉटन टिप वर्म, डाइसाईलोमिया मोथ का लार्वा, पिंक स्कावंजेर कैटरपिलर मोथ का लार्वा, और सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाने वाला पिंक बोल वर्म का लार्वा. वर्तमान समय में पिंक Read more…

सोयाबीन की तनाछेदक मक्खी

सोयाबीन स्टेम फ्लाई या सोयाबीन की तनाछेदक मक्खी सोयाबीन का प्रमुख पेस्ट है. यह मक्खी सोयाबीन के कोमल पौधे पर अपने अंडे देती है जिससे निकलने वाला लार्वा पत्ती और तने को भीतर ही भीतर खोखला कर देता है. लीफ माइनर की तरह, पत्ती पैर सर्पिलाकार टनल वाले लक्षण भी Read more…

व्हाइट ग्रब

व्हाइट ग्रब, स्क्रैब बीटल नामक कड़े काइटिन कवच वाले कीट के होते हैं. यह नाम कुछ-कुछ क्रैब से मिलता-जुलता है यानी केकड़े के जैसे दिखने वाले कीड़े. स्क्रैब बीटल की लगभग   30,000 प्रजातियां पाई जाती है.  विभिन्न प्रजातियों के लार्वा कम-ज्यादा मात्रा में पौधों को नुकसान पहुंचाते हैं.  स्क्रैब बीटल  Read more…

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